छत्तीसगढ़ के सभी विकासखंडों में विकसित होंगे खेल स्थल, जनांदगांव में खेल मैदान बनाने के लिए जमीन की तलाश शुरू
जनांदगांव: जनांदगांव जिले में खेल प्रतिभाओं को तराशने के लिए जमीन की तलाश शुरू हो गई है. जिले के चार विकासखंडों में एक-एक खेल मैदान बनाए जाएंगे, जिसमें खिलाड़ियों के लिए सभी प्रकार की सुविधाएं होंगी. खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने जमीन की पहचान शुरू कर दी है ताकि खिलाड़ियों को बेहतर माहौल मिल सके और जिला खेल के क्षेत्र में आगे बढ़ सके.
चेंजिंग रूम, शौचालय, पानी की व्यवस्था
इन चार विकासखंडों में बनने वाले खेल मैदानों में चेंजिंग रूम, शौचालय, पानी की व्यवस्था सहित अन्य सुविधाएं होंगी. खेल मैदानों में विभिन्न खेलों के अभ्यास के लिए साधन भी उपलब्ध कराए जाएंगे. चिन्हित शासकीय खेल मैदानों की भूमि का खसरा नक्शा और बी1 होना आवश्यक होगा. छत्तीसगढ़ क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना के तहत मैदानों का उन्नयन किया जाएगा ताकि खिलाड़ी आसानी से अभ्यास कर सकें और उन्हें बेहतर सुविधाएं मिल सकें. इसके निर्माण पर करोड़ों रुपए खर्च किए जाएंगे और विभिन्न खेल मैदानों के लिए अलग-अलग एस्टीमेट बनाए जाएंगे.
प्रत्येक विकासखंड में एक खेल मैदान बनेगा
शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में खेल सुविधाओं के विकास के लिए खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने जमीन की तलाश शुरू कर दी है. आने वाले समय में जिले के सभी विकासखंडों में खेल मैदान बनाए जाएंगे, जहां विभिन्न सुविधाएं प्रदान की जाएंगी. सहायक संचालक खेल एवं युवा कल्याण विभाग राजनांदगांव ए. एक्का ने बताया कि क्रीड़ा प्रोत्साहन योजना के तहत जिले के प्रत्येक विकासखंड में एक खेल मैदान बनना है. जिसमें विकासखंड की आवश्यकताओं के अनुसार हॉल, खेल मैदान या स्टेडियम का प्रस्ताव भेजा जाएगा. जिले को 8 करोड़ रुपए का कार्य शासन द्वारा सौंपा गया है.
खिलाड़ियों को सुविधा प्रदान की जाएगी
खिलाड़ी रोहित ने बताया कि यह सबसे अच्छी खबर है, सरकार की सोच बहुत अच्छी है और यह एक अच्छी पहल है कि खिलाड़ियों की भावनाओं को समझा जा रहा है. यह राजनांदगांव के साथ-साथ चारों ब्लॉक के लिए भी अच्छी बात है कि खिलाड़ियों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए मैदान निर्माण के लिए स्वीकृति दी गई है. शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में खेलों को बढ़ावा देने के प्रयास लंबे समय से किए जा रहे थे. कई मैदानों में खेल उपकरण और सामग्री की कमी है, जिससे खिलाड़ी अपने संसाधनों से खेलने को मजबूर हैं. अब खेल एवं युवा कल्याण विभाग ने जमीन की तलाश शुरू कर दी है, जिले के सभी विकासखंडों में खेल मैदान बनाए जाएंगे और खिलाड़ियों को सुविधा प्रदान की जाएगी, जिससे उन्हें इसका लाभ मिल सके.